कपल को आईवीएफ़ करवानी चाहिए भी या नहीं यह सब उनके स्थित पर ही निर्भर करता है | आज के दौर में कई ऐसे दम्पति के मामले सामने आ रहगे है जिन्हे गर्भधारण क...
कपल को आईवीएफ़ करवानी चाहिए भी या नहीं यह सब उनके स्थित पर ही निर्भर करता है | आज के दौर में कई ऐसे दम्पति के मामले सामने आ रहगे है जिन्हे गर्भधारण करने में कई मुश्किलों का सामना करना पड़ता है | आइये जानते है आईवीएफ़ का सहारा कब ले :-
डॉ सुमिता सोफत हॉस्पिटल की सीनियर कंसल्टेंट डॉक्टर सुमिता सोफत ने अपने यूट्यूब चैनल में पोस्ट एक वीडियो के द्वारा यह बताया की आज के दौर में इनफर्टिलिटी की समस्या का दर इतना बढ़ गया है की 10 में से हर 3 से 4 महिला या पुरुष इस समस्या से पीड़ित है | इसके होने की मुख्या वजह है ख़राब खानपान का होना, कसरत न करना, धूम्रपान और शराब जैसे नशीली पदार्थ का सेवन करना आदि शामिल है जो इस समस्या के दर को बढ़ाने में सक्षम है |
कई बार दम्पति 5 से 6 आईयूआई की ट्रीटमेंट द्वारा गर्भधारण करने की कोशिश करते है, जो असफल होने के कारण गर्भधारण करने में असक्षम हो जाता है और समस्या को कम करने के बजाये और बढ़ा देता है | कई मामले ऐसे भी होता है जिसमे दमपति के सारे रिपोर्ट्स नार्मल होते है, पर फिर भी उन्हें गर्भधारण करे में कई परेशनियों का सामना करना पड़ता है | इसलिए ऐसे दम्पति को आईवीएफ को कंसीव करने का डॉक्टर द्वारा सलाह दी जाती है |
डॉक्टर सुमिता सोफत ने यह भी बताया की आईवीएफ और सामान्य प्रक्रियों के बीच एकमात्र अंतर यह होता है की आईवीएफ के मामले में, अंडो और शुक्राणुओं को उच्च प्रयोगशाला में कुशल भ्रूणविज्ञानी द्वारा निषेचित किया जाता है और इसके बाद आईवीएफ विशेषज्ञ द्वारा भ्रूण को महिला के गर्भाशय में स्थानांतरित किया जाता है | आईवीएफ पूरी तरह से प्राकृतिक होता है, इस ट्रीटमेंट द्वारा होने वाले बच्चे सामान्य तरीके से होने वाले बच्चों की तरह होता है | आइये जानते है की सामान्य स्थितियों की सूची, जिसमे किसी दम्पति को आईवीएफ समुच की आवश्यकता होती है :-
- फैलोपियन ट्यूब ब्लॉक समस्या :- गर्भाशय से जुड़ी दो फैलोपियन ट्यूब होती है जिससे हर महीने एक अंडा निकलकर फैलोपियन ट्यूब के माध्यम से प्राकृतिक तरीके से शुक्राणु से मिल जाता है | जब किसी कारण यह दोनों ट्यूब ब्लॉक हो जाते है तो आईवीएफ ही एकमात्र ऐसा विकल्प होता है जिससे उसे अनब्लॉक किया जाता है और गर्भधारण करने में मदद की जाती है |
- अस्पष्टीकृत बांझपन का होना :- कुछ मामले ऐसे भी होते है, जिसमे दम्पतियों के सभी रिपोर्टर सामान्य होते है परन्तु फिर भी उन्हें गर्भधारण करने में कई समस्याएं आती है | ऐसी स्थित में भी आईवीएफ सलाह दी जाती है |
यदि आप इससे जुड़ी कोई भी जानकारी लेना चाहते है तो आप डॉ सुमिता सोफत हॉस्पिटल नामक यूट्यूब चैनल पर विजिट कर सकते है या फिर इनसे परामर्श भी कर सकते है, यहाँ के डॉक्टर सुमिता सोफत आईवीएफ में एक्सपर्ट्स है और इन्हे 28 से अधिक वर्षो का तज़र्बा है |
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Dr. Sumita Sofat
Gynecologist & Fertility Specialist
Dr. Sumita Sofat is a leading gynecologist and fertility specialist with over 28 years of experience in reproductive healthcare. She is the Managing Director of Dr. Sumita Sofat IVF Hospital, dedicated to providing advanced fertility treatments to couples.